मोहम्मद सईद
शहडोल 7 अगस्त। मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत नवागत कलेक्टर पार्थ जायसवाल ने ग्राम पंचायत धुरवार और लालपुर पहुंचकर ग्रामीणों से सीधे संवाद किया और उनकी समस्याएं सुनीं। खास बात यह रही कि ग्रामीणों से संवाद के दौरान कलेक्टर ने जमीन पर बिछी दरी पर बैठकर ग्रामीणों की बातें सुनीं। उनके साथ जिले के अन्य अधिकारी भी दरी पर ही बैठे। कलेक्टर के इस सहज अंदाज ने ग्रामीणों को अपनी समस्याएं खुलकर रखने का अवसर दिया। जन संवाद में पुलिस अधीक्षक संजय कुमार अग्रवाल तथा सीईओ जिला पंचायत शिवम प्रजापति भी उपस्थित रहे। जन संवाद में नवागत कलेक्टर पार्थ जायसवाल का जमीन पर बैठकर ग्रामीणों की बात सुनना और शिकायतों पर तत्काल अधिकारियों को निर्देश देना, चर्चा का विषय रहा। इसे ग्रामीणों में प्रशासन के प्रति भरोसा बढ़ने की उम्मीद के रूप में देखा जा रहा है। जन संवाद के दौरान कलेक्टर ने ग्रामीणों से शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं और मूलभूत सुविधाओं की स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना, पीएम किसान सम्मान निधि, संबल कार्ड, अनुग्रह सहायता, फौती, नामांतरण, सीमांकन, बंटवारा, राशन वितरण, आयुष्मान कार्ड, पेयजल एवं विद्युत आपूर्ति तथा उर्वरक की उपलब्धता सहित अन्य विषयों पर ग्रामीणों से सीधे फीडबैक लिया।
राशन दुकान की शिकायत
धुरवार में ग्रामीणों ने शासकीय उचित मूल्य दुकान के अनियमित संचालन की शिकायत करते हुए बताया कि राशन लेने में उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। ग्रामीणों की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर ने सहायक आपूर्ति अधिकारी को तत्काल जांच करने के निर्देश दिए। इसी दौरान कई ग्रामीणों ने बताया कि भूमि का बंटवारा नहीं होने के कारण उन्हें प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा है। इस पर कलेक्टर ने अनुविभागीय अधिकारी राजस्व सोहागपुर को दल गठित कर ऐसी शिकायतों का निराकरण कराने के निर्देश दिए।
छूटे पात्र हितग्राहियों की होगी जांच
ग्रामीणों ने प्रधानमंत्री आवास योजना में पात्र होने के बावजूद कुछ लोगों के नाम सूची में शामिल नहीं होने की समस्या भी सामने रखी। कलेक्टर ने मामले को गंभीरता से लेते हुए मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत को दल गठित कर पात्र हितग्राहियों का सर्वे एवं जांच कराने तथा छूटे हुए पात्र लोगों के नाम सूची में दर्ज करने के निर्देश दिए। जन संवाद में ग्रामीणों ने एकल नल-जल योजना का संचालन नहीं होने से पेयजल संकट की समस्या भी बताई। ग्रामीणों ने कहा कि योजना का लाभ नियमित रूप से नहीं मिलने के कारण उन्हें पानी के लिए परेशान होना पड़ता है। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों से योजना की वास्तविक स्थिति की जानकारी लेते हुए समस्या के शीघ्र निराकरण के निर्देश दिए। ग्रामीणों ने गांव के एक मोहल्ले में करीब 250 मीटर तक विद्युत पोल और लाइन नहीं होने की समस्या भी कलेक्टर के सामने रखी। इसके कारण मोहल्ले में विद्युत आपूर्ति नहीं हो पा रही है। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई करते हुए विद्युत सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
अधूरे सामुदायिक भवन पर जताई नाराजगी
मुख्यमंत्री जन विश्वास कार्यक्रम के तहत ग्राम पंचायत लालपुर में भी जन संवाद एवं उद्योग संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में जैतपुर विधायक जयसिंह मरावी, कलेक्टर पार्थ जायसवाल और पुलिस अधीक्षक संजय अग्रवाल ने ग्रामीणों से संवाद किया तथा शासन द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी एवं स्वरोजगार योजनाओं की जानकारी ली। लालपुर के ग्रामीणों ने गांव में अधूरे पड़े सामुदायिक भवन की समस्या उठाई। कलेक्टर ने ग्राम पंचायत को सामुदायिक भवन का निर्माण कार्य पूर्ण कराने के निर्देश दिए। ग्रामीणों ने हायर सेकेंडरी स्कूल के प्राचार्य के नियमित रूप से स्कूल नहीं आने की शिकायत भी की। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर ने संबंधित मामले की जांच कराने के निर्देश दिए।
ठेकेदार पर कार्रवाई के निर्देश
लालपुर में पेयजल की समस्या भी प्रमुख रूप से सामने आई। ग्रामीणों ने बताया कि पेयजल से संबंधित कार्य समय-सीमा बीत जाने के बाद भी पूरा नहीं हुआ है। इस पर कलेक्टर ने लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए कार्य में लापरवाही बरतने वाले ठेकेदार को ब्लैक लिस्ट करने तथा 10 प्रतिशत जुर्माना लगाने की कार्रवाई करने को कहा।
समस्याओं का मौके पर समाधान ही उद्देश्य
कलेक्टर पार्थ जायसवाल ने कहा कि मुख्यमंत्री जन विश्वास कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य शासन और आमजन के बीच संवाद को और अधिक मजबूत करना तथा लोगों की समस्याओं का मौके पर ही समाधान सुनिश्चित करना है। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि वे शासन द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्राप्त करें और पात्रतानुसार उनका लाभ उठाएं। उन्होंने कहा कि ग्रामीण केवल अपनी समस्याएं प्रशासन तक पहुंचाने तक सीमित न रहें, बल्कि अपने क्षेत्र के विकास में सक्रिय भागीदारी भी निभाएं। प्रशासन की प्राथमिकता यह है कि पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ मिले और मूलभूत सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं का समय-सीमा में निराकरण हो।



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